श्री गौर कृष्ण धाम में 22वां वार्षिक उत्सव वसंत पंचमी के अवसर पर भगवान श्री कृष्ण के जीवन चरित्र पर आधारित भजन कीर्तन एवं फूलों की होली तथा प्रसाद वितरण कर मनाया गया



बताते चले की श्री गौर कृष्ण धाम श्री श्री 1008 जगतगुरु प्रियदर्शी जी महाराज की जन्मस्थली है। जिन्होंने श्री कृष्ण चरित्र मानस सहित अनेक ग्रंथ भगवान श्री कृष्ण के बाल स्वरूप एवं राधा रानी के अटूट श्रद्धा एवं प्रेम पर आधारित लिखे, जिसको पढ़कर लाखों लोग युगल स्वरूप की बाल लीलाओं को जान एवं समझकर भक्ति के रस में डुबकी लगा रहे हैं। प्रियदर्शी जी की कलम ने गौर ग्राम को देशभर में एक पहचान दी, जहां वर्ष के प्रत्येक शुभ अवसर पर कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। यह कार्यक्रम गौर कृष्ण धाम परिवार, कृष्ण चरित्र मानस प्रचार समिति द्वारा जिसके संरक्षक श्री प्रकाश द्विवेदी की देखरेख में संपन्न होते हैं।


आज के कार्यक्रम में भजन मंडली द्वारा बड़ी देर भाई नंदलाला, माखन चोर तेरी छवि निराली, तेरे रंग में रंग जाऊं रे, नंदलाल आए गोकुलधाम, घुटनों घुटनों चले कन्हैया, ग्वाल बाल संग खेले कन्हैया आदि रसिक भजनों के माध्यम से भक्ति के परम आनंद की अनुभूति करा रहे थे।


इस अवसर पर श्री प्रकाश द्विवेदी, अरविंद पांडे, शैलेंद्र द्विवेदी ,अर्पित द्विवेदी, मोहित द्विवेदी ,अशोक यादव, मुन्ना लाल यादव, अंशुमन उपाध्याय, अनुज अग्निहोत्री,सरिता, सरला ,आराधना, निधि अग्रवाल, प्रोफेसर हरीश कुमार सिंह, सीताराम पाल, राधेश्याम सविता राजेश मिश्रा, बृजेंद्र पाल सहित हजारों श्रद्धालुओं ने भगवान के भाव स्वरूप का दर्शन कर प्रसाद पान किया।


